किसानों की आय दोगुनी करने और खेती को आधुनिक बनाने के लिए केंद्र और राज्य सरकार लगातार कई योजनाएँ चला रही हैं। इसी कड़ी में सरकार ने सोलर पंप सब्सिडी योजना 2025 (Solar Pump Subsidy Yojana 2025) की शुरुआत की है। इस योजना का उद्देश्य किसानों को सस्ती और पर्यावरण के अनुकूल ऊर्जा उपलब्ध कराना है, ताकि वे बिना ज्यादा खर्च किए अपने खेतों की सिंचाई आसानी से कर सकें।
योजना की मुख्य बाते
- किसानों को सोलर पंप पर 60% से 80% तक सब्सिडी मिलेगी।
- यह पंप बिजली और डीजल की जगह सोलर ऊर्जा से चलेंगे।
- योजना के तहत 3 HP से लेकर 10 HP तक के सोलर पंप उपलब्ध होंगे।
- इस योजना में शामिल होकर किसान खुद के लिए बिजली बना सकेंगे और अतिरिक्त बिजली ग्रिड में बेचकर आय भी कमा सकेंगे।
- किसानों को सिंचाई की समस्या से छुटकारा मिलेगा और डीजल पर होने वाला खर्च बचेगा।
किसानों को होने वाले फायदे
- खर्च में बचत – डीजल और बिजली का बिल खत्म होगा।
- लंबी अवधि का लाभ – सोलर पंप 20 से 25 साल तक चल सकते हैं।
- पर्यावरण हितैषी – यह पंप प्रदूषण रहित हैं और ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देते हैं।
- आय में इजाफा – अतिरिक्त बिजली बेचकर किसान हर महीने अतिरिक्त कमाई कर सकते हैं।
- 24 घंटे सुविधा – अब बिजली कटौती या डीजल की कमी से सिंचाई का काम रुकेगा नहीं।
आवेदन प्रक्रिया

- किसान को अपने राज्य के नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा विभाग (Renewable Energy Department) की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा।
- ऑनलाइन आवेदन फॉर्म भरना होगा।
- जरूरी दस्तावेज जैसे – आधार कार्ड, जमीन से संबंधित दस्तावेज, बैंक पासबुक, राशन कार्ड और मोबाइल नंबर अपलोड करना होगा।
- सब्सिडी स्वीकृत होने के बाद विभाग द्वारा अधिकृत एजेंसी किसानों को सोलर पंप उपलब्ध कराएगी।
आवश्यक दस्तावेज
- आधार कार्ड
- खसरा/खतौनी (जमीन का प्रमाण)
- बैंक पासबुक की कॉपी
- पासपोर्ट साइज फोटो
- मोबाइल नंबर
सोलर पंप सब्सिडी योजना 2025 किसानों के लिए एक बड़ी सौगात है। इस योजना से किसानों को खेती के लिए सस्ती, भरोसेमंद और प्रदूषण रहित ऊर्जा मिलेगी। डीजल और बिजली पर होने वाला खर्च बचेगा और किसान अतिरिक्त आय भी कमा सकेंगे। यह योजना न केवल किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करेगी बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी अहम कदम साबित होगी।